रायपुर 06 अप्रैल।सृजन और प्रतिरोध जैसे महत्वपूर्ण विषय पर केंद्रित जन संस्कृति मंच [ जसम ] का पहला राज्य सम्मेलन सिविल लाइन स्थित वृंदावन हॉल में 12 अप्रैल को सुबह 11 बजे से प्रारंभ होगा।
यह जानकारी एक प्रेस विज्ञप्ति में जसम के राष्ट्रीय सचिव राजकुमार सोनी ने दी।उन्होने बताया कि इस सम्मेलन में प्रमुख वक्ता के तौर पर देश के सुप्रसिद्ध मार्क्सवादी चिंतक रामजी राय, आलोचक सियाराम शर्मा, जन संस्कृति मंच के महासचिव और पत्रकार मनोज सिंह,आलोचक प्रेम शंकर शामिल होंगे. सम्मेलन में दोस्ताना संगठनों की तरफ़ से प्रगतिशील लेखक संघ रायपुर के अध्यक्ष अरुणकान्त शुक्ला, जनवादी लेखक संघ छत्तीसगढ़ के उपाध्यक्ष डॉ. सुखनंदन सिंह ध्रुव, भारतीय जन नाट्य संघ ( इप्टा ) के रंगकर्मी साथी शेखर नाग का भी वक्तव्य होगा. उद्घाटन सत्र का संचालन दीपक सिंह द्वारा किया जाएगा।
सम्मेलन के दूसरे सत्र में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां होगी. इस सत्र में वर्षा बोपचे, सुनीता शुक्ला और समीक्षा नायर के अलावा अशोक मध्यप्रदेश के लेखक और संस्कृतिकर्मी हरगोविंद पुरी, भानु प्रकाश रघुवंशी, जसपाल बांगा, महेश कुशवाहा, श्याम सुंदर मुदगल और नीलम सिंह यादव द्वारा जनगीतों की प्रस्तुति दी जाएगी.सत्र में इंडियन रोलर बैंड की संगीतमय प्रस्तुति के अलावा दुर्ग-भिलाई, बिलासपुर, रायपुर, धमतरी और अशोक नगर के कवियों के द्वारा कविता पाठ भी किया जाएगा. सत्र में दुर्ग-भिलाई जसम की ओर से नाटक ‘आओ अब लौट चलें’ का मंचन भी होगा. मुख्य रूप से यह नाटक हावर्ड जिन लिखित ‘ सोहो में मार्क्स ‘ का भारतीय संदर्भ में रुपांतरण जयप्रकाश नायर ने किया है जबकि संगीत व निर्देशन सुलेमान खान का है. सांस्कृतिक सत्र का संचालन रूपेंद्र तिवारी और कामिनी त्रिपाठी द्वारा किया जाएगा।
सम्मेलन में पकंज दीक्षित, दुर्गेश भार्गव और चित्रकार सर्वज्ञ नायर द्वारा बनाए गए कविता पोस्टरों की प्रदर्शनी भी लगाई जाएगी. सम्मेलन का खास आकर्षण पुस्तक प्रदर्शनी भी होगी जिसमें देश के नामचीन लेखकों और प्रकाशकों की पुस्तकें बिक्री के लिए उपलब्ध रहेगी. सम्मेलन के सांगठनिक सत्र में जसम छत्तीसगढ़ की विभिन्न इकाइयों से जुड़े सचिव अपनी सालाना रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगे. रिपोर्ट पर चर्चा के उपरांत प्रदेश पदाधिकारियों का चयन किया जाएगा।




