रायपुर 13 जुलाई। छत्तीसगढ़ विधानसभा ने आज विश्वविख्यात पंडवानी गायिका डॉ. तीजन बाई को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके व्यक्तित्व एवं कृतत्व को याद किया।
विधानसभा के मानसून सत्र के आज शुरू होते ही विधानसभा अध्यक्ष डा.रमन सिंह ने तीजनबाई के निधन का सदन में उल्लेख किया और उनके जीवन परिचय के साथ ही उनकी कला एवं संस्कृति के क्षेत्र में उपलब्धियों का जिक्र करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने डॉ. तीजन बाई के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।श्री साय ने कहा कि डॉ. तीजन बाई के निधन से छत्तीसगढ़ ने अपनी लोकसंस्कृति का एक अनमोल रत्न खो दिया है। उनके जाने से कला एवं सांस्कृतिक जगत को अपूरणीय क्षति हुई है।
उन्होने कहा कि डॉ. तीजन बाई ने पंडवानी गायन की कापालिक शैली को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया और अपनी विलक्षण प्रतिभा से लोककला को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाई। उनकी प्रस्तुतियों में गायन और अभिनय का अद्भुत समन्वय देखने को मिलता था। पात्रों का सजीव चित्रण, ओजपूर्ण वाणी और प्रभावशाली प्रस्तुति श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर देती थी।
श्री साय ने कहा कि डॉ. तीजन बाई का जीवन संघर्ष, साधना और समर्पण का प्रेरक उदाहरण है। जिस दौर में महिलाओं की पंडवानी गायन में भागीदारी अत्यंत सीमित थी, उस समय उन्होंने सामाजिक रूढ़ियों को चुनौती देते हुए अपनी अलग पहचान बनाई और आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत बनीं। उन्होंने कहा कि डॉ. तीजन बाई ने एशिया, यूरोप सहित विश्व के अनेक देशों में अपनी प्रभावशाली प्रस्तुतियों के माध्यम से छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक पहचान को वैश्विक मंच पर स्थापित किया।
उन्होने उनके अद्वितीय योगदान के लिए उन्हें पद्मश्री, पद्मभूषण, संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार सहित अनेक राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय सम्मानों से सम्मानित किया गया। वर्ष 2019 में भारत सरकार ने उन्हें देश के दूसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म विभूषण से अलंकृत किया। यह गौरव प्राप्त करने वाली वे छत्तीसगढ़ की एकमात्र विभूति हैं।
विपक्ष के नेता डा.चरणदास महंत ने श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके जीवन संघर्ष और कला के क्षेत्र में उपलब्धियों का जिक्र किया।उन्होने तीजनबाई के नाम पर कला के क्षेत्र में पुरस्कार शुरू करने की भी मांग की।पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि तीजनबाई ने देश ही नही बल्कि विदोशों में भी छत्तीसगढ़ का नाम रोशन किया।
मंत्री केदार कश्यप,मंत्री राजेश अग्रवाल,मंत्री गजेन्द्र यादव,किरन सिंहदेव,कुंवर सिंह निषाद,अनुज शर्मा,अनिला भेडिया,रिकेश सेन आदि सदस्यों ने भी तीजनबाई को श्रद्धांजलि अर्पित की।इसके बाद सदन की कार्यवाही उनके सम्मान में पांच मिनट के लिए स्थगित कर दी गई।




