रायपुर, 16 अगस्त। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि पर मुख्यमंत्री निवास परिसर में उनकी प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।
मुख्यमंत्री साय ने अटल बिहारी वाजपेयी के विराट व्यक्तित्व, राष्ट्रसेवा और छत्तीसगढ़ निर्माण में उनके ऐतिहासिक योगदान को स्मरण करते हुए कहा कि अटल जी छत्तीसगढ़ के निर्माता और प्रदेशवासियों की भावनाओं का सम्मान करने वाले महान राष्ट्रनायक थे। उनके दूरदर्शी नेतृत्व और दृढ़ संकल्प से छत्तीसगढ़ को पृथक राज्य का दर्जा मिला। यह ऐतिहासिक निर्णय प्रदेश के इतिहास में सदैव स्मरणीय रहेगा।
उन्होंने कहा कि अटल जी का छत्तीसगढ़ से संबंध केवल राजनीतिक नहीं, बल्कि आत्मीय और भावनात्मक भी था। मुख्यमंत्री ने अटल जी से जुड़ी अपनी स्मृतियों को साझा करते हुए कहा कि उन्हें उनका स्नेह, आशीर्वाद और मार्गदर्शन प्राप्त करने का सौभाग्य मिला। उनका मार्गदर्शन आज भी जनसेवा के लिए प्रेरणा देता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अटल जी संवेदनशील कवि, प्रखर पत्रकार, ओजस्वी वक्ता और दूरदर्शी राजनेता थे। वैचारिक दृढ़ता के साथ विनम्रता, संवेदनशीलता और संवाद उनके सार्वजनिक जीवन की विशेषता रही। राष्ट्रहित उनके लिए सर्वोपरि था।
उन्होंने कहा कि अटल जी ने सुशासन और अंत्योदय को शासन का आधार बनाया। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के माध्यम से गांवों को सड़क से जोड़ने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की उनकी पहल का दूरगामी प्रभाव पड़ा। जनजातीय समाज के विकास को प्राथमिकता देते हुए उनके कार्यकाल में पृथक जनजातीय कार्य मंत्रालय का गठन भी किया गया।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि अटल जी ने जिस छत्तीसगढ़ की आधारशिला रखी, उसे समृद्ध, विकसित और आत्मनिर्भर बनाना हम सभी का दायित्व है। राज्य सरकार उनके सुशासन, अंत्योदय और जनकल्याण के मूल्यों को आगे बढ़ाते हुए गांव, गरीब, किसान, युवा, महिला और जनजातीय समाज तक विकास का लाभ पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।
उन्होंने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी का जीवन, विचार और आदर्श नेतृत्व देश और प्रदेश को सदैव प्रेरणा देते रहेंगे। उनके सपनों के अनुरूप समृद्ध और विकसित छत्तीसगढ़ का निर्माण ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल के अध्यक्ष अनुराग सिंहदेव भी उपस्थित रहे।




