नई दिल्ली, 6 सितंबर। केंद्र सरकार ने न्यायपालिका में बड़ा प्रशासनिक बदलाव करते हुए देश के आठ हाईकोर्ट में नए मुख्य न्यायाधीशों की नियुक्ति को मंजूरी दे दी है। सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की सिफारिशों के बाद इन नियुक्तियों को स्वीकृति दी गई।
इन नियुक्तियों में मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट भी शामिल हैं। गुजरात हाईकोर्ट के जस्टिस अलपेश यशवंत कोग्जे को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट का नया मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया गया है। वहीं, ओडिशा हाईकोर्ट के जस्टिस कृष्णा राम मोहापात्रा को छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
पटना हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस होंगे जस्टिस वल्लुरी कामेश्वर राव
केंद्रीय कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल के अनुसार, दिल्ली हाईकोर्ट के जस्टिस वल्लुरी कामेश्वर राव को पटना हाईकोर्ट का नया मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया गया है।
इसी तरह बॉम्बे हाईकोर्ट के जस्टिस रविंद्र वी. घुगे को कलकत्ता हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाया गया है। इन नियुक्तियों के साथ संबंधित हाईकोर्ट में प्रशासनिक स्तर पर भी बदलाव देखने को मिलेगा।
राजस्थान और बॉम्बे हाईकोर्ट में भी नई जिम्मेदारी
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के जस्टिस संजय कुमार अग्रवाल को राजस्थान हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया गया है। वहीं, इलाहाबाद हाईकोर्ट के जस्टिस महेश चंद्र त्रिपाठी अब बॉम्बे हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस होंगे।
पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के जस्टिस अश्विनी कुमार मिश्रा को इसी हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया गया है।
राजस्थान हाईकोर्ट के जस्टिस पुष्पेंद्र सिंह भाटी को जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाया गया है।
किस जज को मिली किस हाईकोर्ट की जिम्मेदारी?
- जस्टिस वल्लुरी कामेश्वर राव — पटना हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस
- जस्टिस रविंद्र वी. घुगे — कलकत्ता हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस
- जस्टिस संजय कुमार अग्रवाल — राजस्थान हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस
- जस्टिस महेश चंद्र त्रिपाठी — बॉम्बे हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस
- जस्टिस अश्विनी कुमार मिश्रा — पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस
- जस्टिस कृष्णा राम मोहापात्रा — छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस
- जस्टिस अलपेश यशवंत कोग्जे — मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस
- जस्टिस पुष्पेंद्र सिंह भाटी — जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस
इन नियुक्तियों के बाद संबंधित हाईकोर्ट में नए मुख्य न्यायाधीशों के कार्यभार संभालने की प्रक्रिया शुरू होगी। नए नेतृत्व के साथ हाईकोर्ट के प्रशासनिक और न्यायिक कामकाज में भी बदलाव देखने को मिल सकता है।




