रायपुर, 2 नवंबर। छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर नवा रायपुर स्थित सेंध लेक का आसमान भारतीय वायु सेना के शौर्य, साहस और अद्भुत उड़ान कौशल का गवाह बना। यहां भारतीय वायु सेना की विश्वप्रसिद्ध सारंग एयरोबेटिक डिस्प्ले टीम ने भव्य एयर-शो प्रस्तुत किया। राज्यपाल रमेन डेका इस रोमांचक आयोजन में शामिल हुए।
आकाशगंगा स्काईडाइविंग टीम, गरुड़ कमांडोज और सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम के जांबाजों ने अपने साहसिक करतबों और शानदार समन्वय से दर्शकों को रोमांचित कर दिया।पांच हेलीकॉप्टरों की आकर्षक फॉर्मेशन, हैरतअंगेज क्रॉसओवर करतब, आसमान में तिरंगे की मनमोहक छटा और ‘वंदे मातरम्’ की गूंज ने पूरे वातावरण को देशभक्ति और राष्ट्रीय गौरव से सराबोर कर दिया।
राज्यपाल श्री डेका ने वायु सेना के जवानों के प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि राज्य स्थापना दिवस पर प्रतिष्ठित सारंग टीम का यह आयोजन प्रदेशवासियों के लिए गौरव और प्रसन्नता का विषय है। जवानों ने जिस साहस, अनुशासन, आत्मविश्वास और सटीक समन्वय के साथ अपने कौशल का प्रदर्शन किया, वह विशेषकर युवाओं के लिए प्रेरणादायी है। यह प्रदर्शन भारतीय वायु सेना की कठिन प्रशिक्षण प्रक्रिया, उत्कृष्ट क्षमता और राष्ट्रसेवा के प्रति समर्पण का परिचायक है।
उन्होंने कहा कि सारंग टीम का प्रदर्शन अनुशासन, आपसी विश्वास और सामूहिक प्रयास का अनुपम उदाहरण है। हेलीकॉप्टरों की आकर्षक फॉर्मेशन और जोखिमपूर्ण करतबों के पीछे वर्षों का अभ्यास, गहरी एकाग्रता और पायलटों के बीच असाधारण तालमेल होता है। यह हमें सिखाता है कि समर्पण और टीम भावना से कठिन से कठिन लक्ष्य भी हासिल किए जा सकते हैं।
आकाशगंगा और गरुड़ कमांडोज ने दिखाया अदम्य साहस
एयर-शो का शुभारंभ भारतीय वायु सेना की आकाशगंगा स्काईडाइविंग टीम ने किया। टीम के जवानों ने हजारों फीट की ऊंचाई से छलांग लगाकर पैराशूट के माध्यम से निर्धारित स्थान पर सटीक लैंडिंग की। उनके संतुलन, साहस और नियंत्रण को देखकर दर्शकों ने तालियों से स्वागत किया।
इसके बाद गरुड़ कमांडोज ने अपने विशेष सैन्य कौशल का प्रदर्शन किया। जवानों ने पैराशूट लैंडिंग के साथ एमआई-17 हेलीकॉप्टर से रस्सियों के सहारे नीचे उतरने की प्रक्रिया (स्लिदरिंग) प्रदर्शित की। इसके अलावा रेस्क्यू और कॉम्बैट ऑपरेशन का जीवंत प्रदर्शन कर कठिन परिस्थितियों में त्वरित कार्रवाई और मिशन को सफलतापूर्वक पूरा करने की अपनी क्षमता का परिचय दिया।
पांच हेलीकॉप्टरों के क्रॉसओवर करतब ने थाम दीं सांसें
एयर-शो का मुख्य आकर्षण ग्रुप कैप्टन अभिजीत कुमार के नेतृत्व में सारंग टीम की प्रस्तुति रही। टीम के पांच हेलीकॉप्टरों ने आसमान में एक के बाद एक शानदार फॉर्मेशन और रोमांचकारी हवाई करतब दिखाए। कभी सभी हेलीकॉप्टर बेहद नजदीक उड़ते नजर आए, तो कभी अलग-अलग दिशाओं में जाकर फिर सटीक तालमेल के साथ निर्धारित फॉर्मेशन में लौट आए।
विशेष रूप से हेलीकॉप्टरों का एक-दूसरे के बेहद करीब से गुजरने वाला क्रॉसओवर करतब दर्शकों के लिए रोमांच का चरम रहा। पायलटों के अद्भुत नियंत्रण, एकाग्रता और आपसी समन्वय ने उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया।
राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर सारंग टीम ने छत्तीसगढ़ के प्रति विशेष आत्मीयता भी प्रदर्शित की। ग्रुप कैप्टन अभिजीत कुमार ने हेलीकॉप्टर के कॉकपिट से ‘छत्तीसगढ़िया सबले बढ़िया’ का उद्घोष कर प्रदेशवासियों का अभिवादन किया। इस आत्मीय संदेश से दर्शकों का उत्साह दोगुना हो गया।
तिरंगे की फॉर्मेशन के साथ हुआ भव्य समापन
एयर-शो के अंतिम चरण में सारंग टीम ने ‘वंदे मातरम्’ की गूंज के बीच तिरंगे की आकर्षक फॉर्मेशन प्रस्तुत की। आसमान में तिरंगे के रंगों की छटा और हेलीकॉप्टरों के शानदार समन्वय ने दर्शकों को भावविभोर कर दिया। इस मनमोहक प्रस्तुति के साथ कार्यक्रम का यादगार समापन हुआ।
उल्लेखनीय है कि भारतीय वायु सेना की सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम विश्व की एकमात्र पांच हेलीकॉप्टरों वाली एयरोबेटिक प्रदर्शन टीम है। यह टीम जर्मनी, ब्रिटेन, मॉरीशस, रूस और मिस्र सहित अनेक देशों में अब तक 1500 से अधिक हवाई प्रदर्शन कर भारत की प्रतिष्ठा बढ़ा चुकी है।
इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा, संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल, सांसद, विधायक, निगम-मंडल के पदाधिकारी तथा बड़ी संख्या में दर्शक उपस्थित थे।




