पीरियड्स यानी माहवारी को लेकर सामाजिक शर्मिंदगी की वजह से भारत में करोड़ों लड़कियों को पढ़ाई छोड़नी पड़ रही है. भारत में आज माहवारी एक ऐसा मुद्दा बना हुआ है, जिस पर खुलकर बात नहीं होती