
छत्तीसगढ़ में फिलहाल मौसम शुष्क बना हुआ है, लेकिन राहत की यह स्थिति ज्यादा दिनों तक रहने वाली नहीं है। प्रदेश के कुछ इलाकों में एक बार फिर तेज ठंड का दौर शुरू होने वाला है। गुरुवार से अगले दो दिनों तक एक–दो क्षेत्रों में शीतलहर चलने की संभावना जताई गई है, हालांकि इस दौरान तापमान में बहुत बड़ा उतार-चढ़ाव नहीं होगा।
बीते 24 घंटों के मौसम पर नजर डालें तो बुधवार को प्रदेश में सबसे अधिक तापमान 29.7 डिग्री सेल्सियस जगदलपुर में दर्ज किया गया, जबकि सबसे कम न्यूनतम तापमान 4.6 डिग्री सेल्सियस अंबिकापुर में रिकॉर्ड हुआ। राजधानी रायपुर में दिन का तापमान 28.2 डिग्री और रात का तापमान 13.4 डिग्री सेल्सियस रहा।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक 15 जनवरी को रायपुर में सुबह के समय हल्की धुंध छाए रहने की संभावना है। इस दौरान अधिकतम तापमान करीब 27 डिग्री और न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अगले तीन दिनों तक न्यूनतम तापमान में कोई खास बदलाव नहीं होगा, इसके बाद इसमें 1 से 3 डिग्री तक बढ़ोतरी संभव है।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, हिमालयी क्षेत्रों में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के कारण पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी का असर मैदानी इलाकों तक पहुंच रहा है। सब-ट्रॉपिकल जेट स्ट्रीम की तेज रफ्तार से ठंडी हवाएं मध्य भारत की ओर बढ़ रही हैं, जिससे छत्तीसगढ़ में ठंड बढ़ गई है।
इस मौसमी तंत्र के प्रभाव से सरगुजा, रायपुर और दुर्ग संभाग के कई जिलों में रात का तापमान सामान्य से 3 से 6 डिग्री तक नीचे चला गया है। नतीजतन सुबह और देर रात ठिठुरन के साथ कोहरे और शीतलहर जैसी स्थिति बन रही है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले दो दिनों तक उत्तर छत्तीसगढ़ में ठंडी हवाओं का असर बना रहेगा, जिससे खासकर ग्रामीण इलाकों में ठंड और ज्यादा महसूस की जाएगी।




