होम उत्तर प्रदेश ‘मिट्टी के दीप’ अभियान से पहचान बनाने वाले आलोक वर्मा बने बिजनौर...

‘मिट्टी के दीप’ अभियान से पहचान बनाने वाले आलोक वर्मा बने बिजनौर के परियोजना निदेशक

0

 (संतोष यादव)

सुलतानपुर 01 जून। सुल्तानपुर जनपद के लिए गौरव और खुशी की खबर है। नगर के बघराजपुर तथा मूल रूप से दोस्तपुर ब्लॉक के निवासी आलोक कुमार वर्मा को बिजनौर जिले का परियोजना निदेशक नियुक्त किया गया है। उनकी इस महत्वपूर्ण प्रशासनिक जिम्मेदारी को जिले की एक बड़ी उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है।

           आलोक वर्मा इससे पूर्व बाराबंकी में खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) के पद पर तैनात थे। अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, प्रशासनिक पारदर्शिता और जनहित से जुड़े कार्यक्रमों को गति देने में उल्लेखनीय भूमिका निभाई। विशेष रूप से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की महत्वाकांक्षी ‘मिट्टी के दीप’ पहल को सफल बनाने में उनके योगदान की प्रदेश स्तर पर सराहना हुई थी।कर्तव्यनिष्ठा, कार्यकुशलता और विकासोन्मुख सोच के कारण उन्होंने प्रशासनिक महकमे में अपनी अलग पहचान बनाई है। यही कारण है कि उन्हें अब बिजनौर जैसे महत्वपूर्ण जिले में परियोजना निदेशक की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

         आलोक वर्मा का परिवार प्रशासनिक एवं न्यायिक सेवाओं से भी जुड़ा रहा है। उनकी सफलता परिवार की बहुआयामी उपलब्धियों को भी रेखांकित करती है। माता सीएचसी रामगंज से सेवानिवृत हैं, जबकि  बहन सिविल जज के पद पर न्यायिक दायित्व निभा रही हैं। उनकी इस उपलब्धि से परिवार, शुभचिंतकों और जिलेवासियों में हर्ष का वातावरण है। सामाजिक, राजनीतिक और प्रशासनिक क्षेत्र से जुड़े लोगों ने उन्हें बधाई देते हुए उज्ज्वल कार्यकाल की शुभकामनाएं दी हैं। जनपद के युवाओं के लिए भी आलोक वर्मा की यह सफलता प्रेरणादायी मानी जा रही है। सीमित संसाधनों वाले ग्रामीण परिवेश से निकलकर प्रशासनिक क्षेत्र में महत्वपूर्ण मुकाम हासिल करने की उनकी यात्रा जिले के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है।