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ढाई साल में भाजपा सरकार ने जनता का भरोसा खोया, हर वर्ग नाराज : दीपक बैज

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रायपुर, 03 अगस्त। छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने भाजपा सरकार के ढाई वर्ष के कार्यकाल पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि सरकार जनता का विश्वास खो चुकी है। उन्होंने कहा कि चुनाव के दौरान ‘मोदी की गारंटी’ के नाम पर वोट तो हासिल किए गए, लेकिन अब तक एक भी प्रमुख वादा पूरा नहीं किया गया। उनके अनुसार प्रदेश का किसान, युवा, महिला, कर्मचारी और आदिवासी सहित लगभग हर वर्ग सरकार की नीतियों से असंतुष्ट है।

      श्री बैज ने आरोप लगाया कि राज्य में सरकारी भर्तियां या तो बंद हैं या फिर जिन भर्तियों की प्रक्रिया हुई, उनमें भ्रष्टाचार के आरोप सामने आए हैं। उन्होंने फॉरेस्ट गार्ड, पुलिस आरक्षक और आरआई भर्ती प्रक्रियाओं का उल्लेख करते हुए पारदर्शिता पर सवाल उठाए। साथ ही आदिवासियों और किसानों की जमीन उद्योगों तथा खनन परियोजनाओं के लिए जबरन अधिग्रहित किए जाने और विरोध करने वालों पर कार्रवाई किए जाने का भी आरोप लगाया।

     उन्होंने कहा कि महतारी वंदन योजना के नाम पर महिलाओं के साथ वादाखिलाफी की गई है। बैज का दावा है कि प्रदेश में 1.25 लाख से अधिक विवाहित महिलाएं योजना के लाभ से वंचित हैं, जबकि केवल 67 लाख महिलाओं को ही इसका लाभ मिल रहा है। उन्होंने अनियमित कर्मचारियों को नियमित करने का वादा पूरा नहीं करने, बिजली दरों में वृद्धि, भूमि की गाइडलाइन दर बढ़ाने और पांच डिसमिल से कम जमीन की रजिस्ट्री पर रोक जैसे फैसलों को भी जनता की नाराजगी का कारण बताया।

     प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार की कई जनहितकारी योजनाओं को बंद कर दिया। उन्होंने बिजली बिल हाफ योजना, गोधन न्याय योजना, राजीव मितान योजना, बेरोजगारी भत्ता, रीपा, मुख्यमंत्री कर्ज माफी, सिंचाई कर माफी, महिला समूहों की ऋण माफी, नरवा-गरवा-घुरवा-बारी, मुख्यमंत्री सुपोषण योजना, छत्तीसगढ़िया ओलंपिक समेत कई योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार ने दुर्भावनावश इन्हें बंद किया है।

     कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर भी बैज ने सरकार को घेरते हुए कहा कि प्रदेश में अपराध लगातार बढ़ रहे हैं। उन्होंने हत्या, लूट, डकैती, चाकूबाजी, गोलीबारी, महिलाओं के खिलाफ अपराध और भीड़ हिंसा की घटनाओं का हवाला देते हुए दावा किया कि राज्य में कानून-व्यवस्था कमजोर हुई है। उन्होंने नक्सलवाद के मुद्दे पर भी सरकार को घेरते हुए कहा कि ढाई वर्षों में सरकार कोई स्पष्ट नक्सल नीति नहीं बना सकी और नक्सली घटनाओं में वृद्धि हुई है।

    बैज ने कहा कि भाजपा सरकार सुशासन देने के अपने दावों पर खरी नहीं उतरी है और प्रदेश की जनता अब सरकार के कामकाज से निराश है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जनहित के बजाय केवल घोषणाओं तक सीमित रह गई है।