रायपुर, 18 सितम्बर। छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री एवं नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री अरुण साव ने कहा कि अधोसंरचना विकास को तेजी देने के लिए राज्य सरकार सड़क, परिवहन, कनेक्टिविटी, आवास, जलापूर्ति और सार्वजनिक परिवहन जैसी सुविधाओं के विस्तार पर विशेष जोर दे रही है। राज्य में अधोसंरचना विकास पर अब तक 12 हजार करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए जा चुके हैं।
श्री साव ने शुक्रवार को नवा रायपुर में इकोनॉमिक टाइम्स ग्रुप द्वारा आयोजित कॉन्क्लेव के विशेष सत्र को संबोधित करते हुए अरुण साव ने कहा कि छत्तीसगढ़ तेजी से विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है। इस विकास गति को बनाए रखने के लिए राज्य में अधोसंरचना के विस्तार और आधुनिकीकरण पर लगातार काम किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि बेहतर सड़कें, सुगम परिवहन और मजबूत कनेक्टिविटी केवल आवागमन को आसान नहीं बनातीं, बल्कि उद्योग, व्यापार और निवेश के लिए भी अनुकूल वातावरण तैयार करती हैं। मजबूत अधोसंरचना आर्थिक विकास की बुनियाद है और राज्य सरकार इसे सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि तेजी से बढ़ते शहरीकरण और शहरों की आबादी में हो रही वृद्धि के साथ नागरिकों की जरूरतें भी बदल रही हैं। ऐसे में राज्य में शहरी सुविधाओं का विकास केवल मौजूदा जरूरतों को ध्यान में रखकर नहीं, बल्कि आने वाले वर्षों की आवश्यकताओं को देखते हुए किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि सड़क और परिवहन सुविधाओं के विस्तार से शहरों और क्षेत्रों के बीच कनेक्टिविटी मजबूत होती है। इससे आर्थिक गतिविधियों को गति मिलती है और उद्योग तथा निवेश के नए अवसर तैयार होते हैं। छत्तीसगढ़ में अधोसंरचना विकास को आर्थिक प्रगति से जोड़कर योजनाबद्ध तरीके से काम किया जा रहा है।
श्री साव ने कहा कि केंद्र सरकार उन राज्यों और क्षेत्रों की विकास संबंधी जरूरतों पर भी ध्यान दे रही है, जो लंबे समय तक विकास की मुख्यधारा से अपेक्षाकृत पीछे रहे। उन्होंने पूर्वोत्तर राज्यों का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां कनेक्टिविटी, अधोसंरचना और आधारभूत सुविधाओं के विस्तार को प्राथमिकता दी जा रही है। इससे देश के विभिन्न हिस्सों के बीच विकास का संतुलन मजबूत हो रहा है और दूरस्थ क्षेत्रों को आर्थिक गतिविधियों से जोड़ने के अवसर बढ़ रहे हैं।
कॉन्क्लेव में नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के संचालक नीलेश महादेव क्षीरसागर ने कहा कि तेजी से बढ़ते शहरीकरण के कारण शहरों की जरूरतों का स्वरूप लगातार बदल रहा है। इसे देखते हुए भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप आधुनिक शहरी अधोसंरचना तैयार की जा रही है।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी 2.0 के साथ बेहतर जलापूर्ति और सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में भी राज्य सरकार काम कर रही है। शहरी क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं के विस्तार के साथ नागरिकों को बेहतर जीवन सुविधाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है।
‘विकसित छत्तीसगढ़ कॉन्क्लेव-2026’ में राज्य के विकास, अधोसंरचना, शहरीकरण और निवेश से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विचार-विमर्श किया गया। कार्यक्रम में इकोनॉमिक टाइम्स के सीनियर एसोसिएट एडिटर अर्पित गुप्ता, टीपीआरईसी (TPREC) के सीईओ एवं मैनेजिंग डायरेक्टर संजय बांगा तथा अनिएक्स (Anniex) के चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर नीरव शाह सहित अन्य लोग मौजूद रहे।




