MainSlideछत्तीसगढ़

मनरेगा के तहत मजदूरों को नगद मजदूरी देने की भूपेश से मांग

रायपुर 15 अप्रैल। जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के प्रदेश अध्यक्ष अमित जोगी ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को पत्र लिखकर महात्मा गांधी ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना(मनरेगा) के तहत मजदूरों को नगद मजदूरी दिए जाने की मांग की है।

श्री जोगी ने श्री बघेल को लिखे पत्र में कहा कि केन्द्रीय गृह मंत्रालय के द्वारा आज पारित आदेश में मनरेगा के अन्तर्गत कार्य प्रारंभ करने की सर्शत अनुमति प्रदान की गई है। मनरेगा में वर्तमान में मजदूरी भुगतान बैंको, पोस्ट ऑफ़िसों और एटीम के द्वारा किया जाता है।

उऩ्होने पत्र में कहा कि छत्तीसगढ़ के 20199 गाँवों में केवल 2821 बैंक शाखाएं और 3208 एटीम केंद्र हैं जो कि राष्ट्रीय औसत से बहुत कम हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में बैंको और पोस्ट ऑफ़िसों की शाखाओं और एटीम केंद्रों के इस अभाव के कारण मज़दूरों को मजदूरी प्राप्त करने के लिए 10 किलोमीटर का लम्बा सफर तय करना पडे़गा जो कि लाकडाउन के कारण संभव नहीं है।

श्री जोगी ने कहा कि मरनेगा का प्राथमिक उदे्श्य ग्रामीण मजदूरों को सही समय पर मजदूरी भुगतान करना है। इस उदे्श्य की पूर्ति तभी संभव होगी जब मज़दूरों को उनकी पंचायतो द्वारा सही समय पर नगद में मजदूरी भुगतान किया जाय।उन्होने छत्तीसगढ़ की विशेष परिस्थिति को देखते हुए लाकडाउन के दौरान मनरेगा के अंतर्गत किये जाने वाले कार्यो का सीधे नगदी भुगतान करने का आदेश जिला पंचायतो को देने की मांग की है।

Related Articles

Back to top button