बेंगलुरू 18 जुलाई।कर्नाटक विधानसभा में आज विश्वास मत पर चर्चा के दौरान बार-बार हंगामे के कारण अध्यक्ष ने सदन को कल तक के लिए स्थगित कर दिया।
विपक्षी भारतीय जनता पार्टी के सदस्यों ने आज विश्वास मत पर फैसला नहीं किए जाने के विरोध में पूरी रात विधानसभा में धरने पर बैठने का निर्णय लिया है।आज सुबह सदन की कार्यवाही शुरू होते ही मुख्यमंत्री एच डी कुमारस्वामी ने एक पंक्ति का विश्वासमत का प्रस्ताव रखा।जैसे ही प्रस्ताव पेश किया गया भारतीय जनता पार्टी और विपक्ष के नेता बी एस येडियुरप्पा खड़े हो गये और उन्होंने कहा कि शक्ति परीक्षण प्रक्रिया एक दिन में पूरी कर ली जानी चाहिए।
कुमारस्वामी ने जोर देकर कहा कि कांग्रेस-जनता दल सेक्युलर गठबंधन सरकार के बारे में जो गलत धारणा बनाई गई है उसे देश के सामने लाया जाना चाहिए।विश्वास मत पर चर्चा के दौरान कर्नाटक के जल संसाधन मंत्री डी के शिवकुमार ने विपक्ष पर आरोप लगाते हुए कग्वाड से कांग्रेस विधायक श्रीमंत पाटिल को अगवा करने का आरोप लगाया। लेकिन भाजपा ने इसका खण्डन किया और आरोपों को निराधार बताया।
श्री शिवकुमार ने अध्यक्ष से श्रीपाटिल को वापस लाने का अनुरोध किया। अध्यक्ष रमेश कुमार ने कहा कि वो इस मामले में जांच के आदेश नहीं दे सकते।उन्होंने गृह विभाग को पाटिल के घर वालों से संपर्क करने के आदेश दिए और उनके बारे में कल तक जानकारी देने को कहा है।श्री पाटिल को लेकर सदन में कई बार हंगामा हुआ। इस बीच, भाजपा ने आज विश्वास प्रस्ताव न करवाए जाने को लेकर विधानसभा के बाहर धरना शुरू कर दिया है।